9 अप्रैल 2026 को केरल विधानसभा चुनाव करवाए गए। यह चुनाव मुख्य तौर पर कांग्रेस के नेतृत्व में UDF ( United Democratic Front), CPI(M) के नेतृत्व में LDF ( Left Democratic Front) के गठबंधनों के बीच में होता है। इन चुनावों में तीसरी शक्ति होती है, बीजेपी (NDA) । यह चुनाव कुल 140 विधानसभा सीटों पर हुए और इसमें मतदाताओं की कुल संख्या लगभग 2.71 करोड़ थी। सरकार बनाने के लिए 71 सीटों का बहुमत जरूरी था।
- एग्जिट पोल का संकेत: UDF की बड़ी बढ़त
- 4 मई 2026: काउंटिंग डे पर आया चौंकाने वाला जनादेश
- सीटों का गणित: किस पार्टी को कितनी मिली ताकत
- कांग्रेस की सुनामी: कई सीटों पर शानदार जीत
- स्टार उम्मीदवारों की जीत: किन नेताओं ने मारी बाजी
- 2026 केरल चुनाव: जनादेश ने बदली सियासत, नई दिशा की शुरुआत
- केरल चुनाव 2026: बदलती सत्ता के बीच स्थायी सत्य क्या है?
एग्जिट पोल का संकेत: UDF की बड़ी बढ़त
अगर आंकड़ों की बात करें तो इस चुनाव में लगभग 79.7% मतदान दर्ज किया गया। यह प्रतिशत पिछले चुनावों की तुलना में अधिक थी और इससे यह भी साबित होता है कि मतदाताओं में चुनावों को लेकर बहुत उत्सुकता थी।
4 मई 2026: काउंटिंग डे पर आया चौंकाने वाला जनादेश
केरल विधानसभा चुनाव 2026 ( Kerala Election 2026) सम्पन्न होने के बाद 4 मई, 2026 को सुबह 8 बजे वोट काउंटिंग शुरू हुई। इसमें 140 सीटों में से कांग्रेस का नेतृत्व करने वाली UDF को 90 सीटें मिलने का अनुमान लगाया जा रहा है, इससे कांग्रेस को आसानी से बहुमत प्राप्त हो सकता है। वहीं दूसरी ओर LDF इस दौड़ में पीछे रहती हुई नजर आ रही है, जिससे राजनीतिक परिवर्तन आ सकता है।
इस दौड़ में बीजेपी को तीन सीटों पर जीत हासिल हुई, जो कि बीजेपी की ऐतिहासिक जीत माना जा रहा है।
सीटों का गणित: किस पार्टी को कितनी मिली ताकत
Kerala Vidhan Sabha Elections 2026: केरल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों पर हर किसी की नजर टिकी थी। हर कोई यह जानने के लिए उत्सुतक था कि केरला में राजनीति का रुख किस और मुड़ेगा, कौन अपनी जीत हासिल करेगा और कौन हार का सामना करेगा।
4 मई को हुई केरला विधानसभा चुनाव 2026 की वोट काउंटिंग में बहुत ही चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए। इंडियन नेशनल कांग्रेस (INC) पार्टी ने 140 में से 63 सीटें हासिल करके ऐतिहासिक जीत हासिल की। इसमें कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सवादी) CPI (M) ने 26 सीटें हासिल करते हुए दूसरा स्थान प्राप्त किया। इसमें इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) 22, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (CPI) 8, केरला कांग्रेस (KEC) 7, भारतीय जनता पार्टी (BJP) 3, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) 1, रेवोल्यूशनरी मार्क्सवादी पार्टी ऑफ इंडिया ( RMPOI) 1, केरला कांग्रेस (JACOB) – KEC (J) 1, रेवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (RSP) 3 सीटें हासिल की।
कांग्रेस की सुनामी: कई सीटों पर शानदार जीत
केरला विधानसभा चुनाव 2026 में इंडियन नेशनल कांग्रेस (INC) ने बहुमत के साथ शानदार जीत हासिल की। आईए जानते हैं क्या रही पार्टी वाइस वोटिंग।
- AAAP को 37754 (0.17%) वोटें हासिल हुईं।
- BJP के हक में 2466178 (11.42%) वोटें आएं।
- BSP ने 33125 (0.15%)
- CPI के खाते में 1434524 (6.64%)
- CPI (M) को 4700662 ( 21.77%)
- CPI (ML)(L) को 458 (0.00%)
- INC ने जबरदस्त जीत के साथ 6217918 (28.79%)
- IUML को 2378053 (11.01%)
- KEC ने 525323 (2.43%)
- KEC(M) ने 561157 (2.60%)
- NCP को 662 (0.00%)
स्टार उम्मीदवारों की जीत: किन नेताओं ने मारी बाजी
केरला में हुए विधानसभा चुनावों में कड़ी टक्कर देखने को मिली। पेश हैं कुछ आंकड़े:–
- अदूर में एडवोकेट सी वी संथकुमार (Advocate C V Santhakumar) ने 66153 वोटों के साथ शानदार जीत हासिल की। उनकी जीत से कांग्रेस पार्टी में जश्न का माहौल बना हुआ है।
- अलप्पुझा से ए.डी थॉमस (A.D Thomas) 81065 वोटों के साथ विजय हुए।
- अलुवा से अनवर सादात ने 83899 वोटें हासिल की और अपनी जीत दर्ज की।
- अंगमाली से रोजी एम जॉन (Roji M John) ने 78331 वोट हासिल किए।
- अरणमुला / आरन्मुला के अबिन वर्की कोडियाट्टू इंडियन नेशनल कांग्रेस (INC) के उम्मीदवार हैं, इन्होंने 70083 वोट हासिल किए।
- अरूर से Adv. Shanimol Osman 74469 वोट हासिल करके ऐतिहासिक जीत दर्ज की।
- बालुस्सेरी में वी. टी सूरज (V.T Sooraj) ने 94804 वोट प्राप्त किए।
- चदयामंगलम के M.M नसीर (M.M Naseer) को 68281 वोटें
- टी.जे. सनीश कुमार ने चालकुडी में 71202
- चिरायिनकीझु की रम्या हरिदास ने 56833 वोटें
- चित्तूर में Adv. Sumesh Achuthan ने 65325
- F. Raja ने 50590 वोटों के साथ देवीकुलम में शानदार जीत दर्ज की।
- एलाथुर (Elathur) में भी कांग्रेस की उम्मीदवार Adv. Vidya Balakrishnan ने 77662 वोट प्राप्त किए।
- एर्नाकुलम के टी.जे विनोद ने 61296
- 68547 वोटों के साथ कांग्रेस उम्मीदवार P.K Basheer ने एरानाड ( Ernad) जीत दर्ज की।
इंडियन नेशनल कांग्रेस पार्टी के और भी उम्मीदवारों ने शानदार जीत हासिल करते हुए, खुद को साबित किया। जिनमें नट्टाकोम सुरेश, रमेश चेन्निथला, रॉय के. पॉलोस, सजीव जोसेफ आदि।
2026 केरल चुनाव: जनादेश ने बदली सियासत, नई दिशा की शुरुआत
इस चुनाव के बाद केरल की राजनीति में बदलाव आता दिख रहा है। लोग यूडीएफ से रोजगार, प्रगति और सुशासन की उम्मीद कर रहे हैं। एलडीएफ की टीम अगली बार बेहतर प्रदर्शन करने और अधिक मजबूत बनने के तरीकों पर विचार कर रही है। एनडीए को राज्य में अपनी लोकप्रियता बढ़ाने और विस्तार करने का अवसर दिख रहा है। कुल मिलाकर, प्रतिस्पर्धा तो बनी रहेगी और अगले चुनावों में नई योजनाएं सामने आ सकती हैं।
केरल विधानसभा चुनाव 2026 ने साफ़ तौर पर दिखाया कि मतदाता बदलाव चाहते थे। UDF की बड़ी जीत और LDF की हार ने राज्य की राजनीति में एक नया अध्याय शुरू किया है। यह चुनाव न केवल राज्य, बल्कि राष्ट्रीय राजनीति के लिए भी महत्वपूर्ण रहा और आने वाले समय में इसके दूरगामी प्रभाव देखने को मिलेंगे।
केरल चुनाव 2026: बदलती सत्ता के बीच स्थायी सत्य क्या है?
केरल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों से एक बात तो साफ हो गई है कि इस संसार में कुछ भी स्थाई नहीं है। बल्कि यह सत्ता जो आज किसी के पास है, वो कल किसी और के पास होगी। सच्चे ज्ञान से हमें पता चलता है कि इस संसार की हर वस्तु नाशवान है, जैसे कि सत्ता, पद और सम्मान आदि।
चुनाव की जीत-हार से साबित होता है कि इंसान के नियंत्रण में कुछ भी नहीं है, बल्कि असली नियंत्रण परमात्मा के हाथ में है। सच्चे आध्यात्मिक ज्ञान से ही मनुष्य के कर्मों और विचारों में सुधार हो सकता है। अधिक जानकारी के लिए आप Sant Rampal Ji Maharaj App डॉउनलोड करें।

