तिरुमला में इस वर्ष ‘अधिक मास’ के कारण दो ब्रह्मोत्सव आयोजित किए जाएंगे। इसे देखते हुए तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (TTD) ने श्रद्धालुओं की संभावित भारी भीड़ को संभालने के लिए व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। वार्षिक ब्रह्मोत्सव के दौरान लगभग सभी विशेष दर्शन व्यवस्थाओं को अस्थायी रूप से निलंबित करने का निर्णय लिया गया है। सभी विभागों को निर्देश दिए गए हैं कि वे उत्सव शुरू होने से पहले आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर लें।
- उच्चस्तरीय बैठक में तैयारियों की समीक्षा
- 8 सितंबर से शुरू होंगी धार्मिक गतिविधियां
- 19 सितंबर को होगा प्रमुख गरुड़ सेवा आयोजन
- VIP ब्रेक दर्शन पर रहेगी रोक
- सुरक्षा, ट्रैफिक और पार्किंग के लिए विशेष योजना
- कतारों में अन्नप्रसाद की निर्बाध व्यवस्था
- सफाई व्यवस्था के लिए अतिरिक्त कर्मचारी
- गरुड़ सेवा के दौरान दोपहिया वाहनों पर प्रतिबंध
- लड्डू की मांग को लेकर पर्याप्त स्टॉक रखने के निर्देश
उच्चस्तरीय बैठक में तैयारियों की समीक्षा
ब्रह्मोत्सव की तैयारियों को लेकर पद्मावती गेस्ट हाउस के सुधर्मा सभागार में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता TTD के अतिरिक्त कार्यकारी अधिकारी च. वेंकैया चौधरी ने की। इसमें तिरुपति के संयुक्त कार्यकारी अधिकारी ए. शरत, मुख्य सतर्कता एवं सुरक्षा अधिकारी मुरलीकृष्ण और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
8 सितंबर से शुरू होंगी धार्मिक गतिविधियां
ब्रह्मोत्सव से जुड़ी धार्मिक गतिविधियों की शुरुआत 8 सितंबर को ‘कोइल अलवार तिरुमंजनम’ से होगी। इसके बाद 14 सितंबर को ‘अंकुरार्पणम’ और 15 सितंबर को ‘ध्वजारोहणम’ आयोजित किया जाएगा। इन धार्मिक अनुष्ठानों के साथ उत्सव औपचारिक रूप से आगे बढ़ेगा और बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के तिरुमला पहुंचने की संभावना है।
19 सितंबर को होगा प्रमुख गरुड़ सेवा आयोजन
ब्रह्मोत्सव का सबसे महत्वपूर्ण आयोजन ‘गरुड़ सेवा’ 19 सितंबर को होगा। इस अवसर पर लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। इसके बाद 22 सितंबर को ‘रथोत्सवम’ और 23 सितंबर को ‘चक्रस्नानम’ आयोजित किया जाएगा। उत्सव के दौरान प्रतिदिन दो बार वाहन सेवाएं होंगी। सुबह की सेवा 8 बजे से 10 बजे तक और शाम की सेवा 7 बजे से रात 9 बजे तक आयोजित की जाएगी।
VIP ब्रेक दर्शन पर रहेगी रोक
भारी भीड़ को देखते हुए TTD ने ब्रह्मोत्सव के दौरान VIP ब्रेक दर्शन रद्द करने का निर्णय लिया है। केवल प्रोटोकॉल के अंतर्गत आने वाले गणमान्य व्यक्तियों को इससे छूट मिलेगी। इसके अलावा वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांग व्यक्तियों, छोटे बच्चों के साथ आने वाले माता-पिता, NRI श्रद्धालुओं और दानदाताओं के लिए उपलब्ध विशेष दर्शन सुविधाएं भी उत्सव के दौरान निलंबित रहेंगी।
सुरक्षा, ट्रैफिक और पार्किंग के लिए विशेष योजना
TTD ने सतर्कता विभाग और पुलिस को सुरक्षा, यातायात तथा पार्किंग के लिए विस्तृत योजना तैयार करने का निर्देश दिया है। इसका उद्देश्य तिरुमला में श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुचारु रखना और भीड़भाड़ को रोकना है। अधिकारियों से कहा गया है कि प्रमुख मार्गों, पार्किंग क्षेत्रों और भीड़ वाले स्थानों पर बेहतर नियंत्रण व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
कतारों में अन्नप्रसाद की निर्बाध व्यवस्था
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कतार प्रबंधन प्रणाली को मजबूत किया जाएगा। TTD ने निर्देश दिया है कि कतार परिसरों, गैलरियों और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर ‘अन्नप्रसादम’ का वितरण बिना किसी रुकावट के जारी रहे। साथ ही श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़े सभी आवश्यक इंजीनियरिंग कार्य उत्सव शुरू होने से पहले पूरे करने को कहा गया है।
सफाई व्यवस्था के लिए अतिरिक्त कर्मचारी
ब्रह्मोत्सव के दौरान स्वच्छता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी। सार्वजनिक क्षेत्रों और गैलरियों में बने शौचालयों की नियमित सफाई के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों को तैनात किया जाएगा। इसके साथ ही आकर्षक विद्युत सजावट, फलों और फूलों की प्रदर्शनी की भी योजना बनाई गई है। श्रद्धालुओं की सहायता के लिए युवा स्वयंसेवकों को ‘श्रीवारी सेवक’ के रूप में तैनात किया जाएगा।
गरुड़ सेवा के दौरान दोपहिया वाहनों पर प्रतिबंध
गरुड़ सेवा के दौरान यातायात का दबाव कम करने के लिए तिरुमला घाट सड़कों पर दोपहिया वाहनों की आवाजाही अस्थायी रूप से रोक दी जाएगी। यह प्रतिबंध 18 सितंबर की रात 9 बजे से शुरू होकर 20 सितंबर की सुबह 6 बजे तक लागू रहेगा। इस अवधि में श्रद्धालुओं को वैकल्पिक परिवहन व्यवस्था का उपयोग करना होगा।
लड्डू की मांग को लेकर पर्याप्त स्टॉक रखने के निर्देश
TTD ने अधिकारियों को प्रसिद्ध तिरुमला लड्डू का पर्याप्त स्टॉक बनाए रखने के निर्देश भी दिए हैं। ब्रह्मोत्सव के दौरान प्रसाद की मांग में बड़ी वृद्धि होने की संभावना है। मंदिर प्रशासन का लक्ष्य है कि भारी भीड़ के बावजूद श्रद्धालुओं को दर्शन, भोजन, सुरक्षा, स्वच्छता और प्रसाद से जुड़ी सुविधाओं में किसी बड़ी परेशानी का सामना न करना पड़े।

